देश के प्रमुख शहरों में सोने के दाम लगभग समान स्तर पर बने रहे। दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, चेन्नई, लखनऊ, जयपुर, गुरुग्राम, चंडीगढ़, पुणे और नागपुर सहित अधिकांश शहरों में 24 कैरेट सोना 1,46,135 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार करता रहा। कुछ शहरों जैसे इंदौर, अहमदाबाद, सूरत और वडोदरा में यह मामूली अंतर के साथ 1,46,035 रुपये प्रति 10 ग्राम दर्ज किया गया। 22 कैरेट सोने की कीमत अधिकांश शहरों में 1,33,960 रुपये प्रति 10 ग्राम रही। वहीं 18 कैरेट सोने के दाम भी अंतरराष्ट्रीय रुझानों के अनुरूप बढ़त के साथ कारोबार करते रहे, हालांकि इनमें स्थानीय बाजार और ज्वेलर्स के अनुसार थोड़ा अंतर संभव है।
चांदी के बाजार में आज स्थिरता देखने को मिली। दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, चेन्नई, जयपुर, लखनऊ, अहमदाबाद, पुणे, बेंगलुरु और अन्य प्रमुख शहरों में चांदी का भाव 2,36,900 रुपये प्रति किलोग्राम पर बना रहा। विशेषज्ञों का कहना है कि औद्योगिक मांग और वैश्विक कमोडिटी बाजार की स्थिति के आधार पर आने वाले दिनों में चांदी की कीमतों में भी उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
बाजार विश्लेषकों के अनुसार सोने और चांदी की कीमतों पर कई घरेलू और अंतरराष्ट्रीय कारकों का प्रभाव पड़ता है। वैश्विक बाजार में कीमती धातुओं की मांग, अमेरिकी डॉलर की मजबूती या कमजोरी, प्रमुख केंद्रीय बैंकों की ब्याज दरों से जुड़ी नीतियां, अंतरराष्ट्रीय भू-राजनीतिक परिस्थितियां और रुपये की विनिमय दर जैसे कारक कीमतों को प्रभावित करते हैं। इसके अलावा त्योहारी सीजन, शादी-ब्याह की मांग और निवेशकों की खरीदारी भी घरेलू बाजार की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
विशेषज्ञों का मानना है कि केवल प्रति ग्राम या प्रति 10 ग्राम कीमत देखकर आभूषण खरीदने का निर्णय नहीं लेना चाहिए। खरीदारी के समय मेकिंग चार्ज, वस्तु एवं सेवा कर (GST), हॉलमार्क प्रमाणन और शुद्धता की जांच करना भी उतना ही आवश्यक है। निवेश के उद्देश्य से सोना खरीदने वाले लोगों को अलग-अलग विक्रेताओं के दामों की तुलना करने और बाजार की मौजूदा स्थिति का आकलन करने के बाद ही निर्णय लेना चाहिए।
बाजार जानकारों का कहना है कि वैश्विक आर्थिक परिस्थितियों और निवेशकों की धारणा में बदलाव के कारण आने वाले समय में सोने और चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। ऐसे में निवेशकों और उपभोक्ताओं के लिए यह जरूरी होगा कि वे नियमित रूप से बाजार के रुझानों पर नजर रखें और अपनी आवश्यकता तथा वित्तीय योजना के अनुसार ही खरीदारी का निर्णय लें।
